राष्ट्रिय समाचार समिति (रासस)
जनकपुरधाम, २३ चैतः मधेश प्रदेश सरकारक चालु आर्थिक वर्षके अखनधैर अनुमान कएल गेल तथा निर्धारित लक्ष्यसँ कम आम्दानी भेल अइछ । ओइसँ योजना कार्यावंयन सङे वित्तीय समस्या उत्पन्न होबाक अवस्था उत्पन्न भेल मधेश प्रदेशक अर्थ मन्त्रालय जनौलक अइछ ।
मन्त्रालयद्वारा आइ जनकपुरधाममे आयोजित पत्रकार सम्मेलनमे प्रदेशक अर्थमन्त्री महेश यादव मधेश प्रदेशमे अखनधैर १० अरब ३८ करोड़ टका आम्दानी होबाक चाहीमे अखनधैर चाइर अरब २५ करोड़ टका मात्रे आम्दानी भेल बतौलैन । तहिना, अन्य शीर्षकमे सेहो आम्दानी कम भेल हुनक कहब छलैन ।
“चालु आर्थिक वर्षके बजेटक आकार ४६ अरब ९८ करोड़ छै । मुदा, ओइ लेल ३० अरबसँ बेसी बजेट प्राप्त होबाक अवस्था नै छै”, विज्ञप्तिमे उल्लेख अइछ । चालु आर्थिक वर्षके बजेट १७ अरब घाटामे जेबाक स्थिति रहल उल्लेख करैत मन्त्री यादव चालु आर्थिक वर्षमे स्वीकृत कएल गेल सब क्रियाकलाप तथा विकास निर्माणक कार्ययोजना कार्यावंयन होबाक अवस्थामे नै रहल तथा प्रदेश वित्तीय सङ्कट होबाक अवस्था रहल बतौलैन ।
मधेश प्रदेश सरकारक अखनधैर पूँजीगत खर्च आठ प्रतिशत तथा चालूगत खर्च २४ प्रतिशत भेल विज्ञप्तिमे उल्लेख अइछ ।
नेपाल सरकारसँ कएल गेल प्रदेश सरकारक कार्यसम्पादन मूल्याङ्कनमे मधेश प्रदेश अन्य छटा प्रदेशक तुलनामे पाछु पड़ल कहि सार्वजनिक भेल तथा मधेश प्रदेशकेँ तुलनात्मक रुपमे अन्य प्रदेशसँ कम वित्त प्राप्त भ रहल बताओल गेल अइछ ।
तहिना, मधेश प्रदेशकेँ अन्याय होएजका वित्तीय समानीकरण अनुदान वितरण सम्बन्धमे भेल विभेदपूर्ण नीतिगत व्यवस्था हटाबए पड़त से हुनक माँग छलैन ।
ओइ अवसरमे अर्थ मन्त्रालयके सचिव राम कुमार महतो अर्थ मन्त्रालयसँ कोनो किसिमके बजेटके दुरुपयोग नै भेल स्पष्ट केलैन ।





